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Delhi Protest: प्रदर्शन से फिर थमा लुटियन दिल्ली का ट्रैफिक, आखिर शाम सात बजे एफआईआर के बाद मिली राहत
Sat, 22 Aug 2026 02:02 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 22 Aug 2026 02:02 AM IST
शाम करीब सात बजे साहिल की शिकायत पर मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने बैरिकेडिंग हटानी शुरू की। इससे यातायात को कुछ राहत मिली, हालांकि पूरी तरह सामान्य होने में रात करीब नौ बजे तक समय लगा।
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Delhi Protest
- फोटो : Delhi Protest
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विस्तार
पैलेट गन से घायल साहिल लोचव की एफआईआर दर्ज कराने की मांग को लेकर शुक्रवार को संसद मार्ग थाने पर कांग्रेस के प्रदर्शन का असर लुटियन दिल्ली के यातायात पर भी पड़ा। थाने के बाहर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं के जुटने के बाद पुलिस ने संसद मार्ग और उससे जुड़े अशोका रोड तथा जंतर-मंतर जाने वाले मार्गों पर बैरिकेडिंग कर दी। रास्ते बंद होने से दोपहर करीब 12 बजे से देर शाम तक आसपास के मार्गों पर वाहनों की रफ्तार थम गई। कई जगह वाहन रेंगते हुए चलते रहे और लोगों को वैकल्पिक रास्तों से गुजरना पड़ा।
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प्रदर्शन के कारण पटेल चौक, टॉलस्टॉय मार्ग, जयसिंह रोड और संसद मार्ग से जुड़े चौराहों पर भी यातायात प्रभावित रहा। बैरिकेडिंग के कारण कई मार्गों पर वाहनों की आवाजाही रोककर उन्हें दूसरे रास्तों से भेजा गया। इसका असर लुटियन दिल्ली के आसपास के कई हिस्सों में दिखाई दिया। दोपहर से शाम तक वाहन चालकों को जाम से जूझना पड़ा। शाम सात बजे के बाद बैरिकेडिंग हटने से स्थिति में सुधार शुरू हुआ, लेकिन रात नौ बजे के बाद ही सड़कों पर यातायात सामान्य हो सका। शाम करीब सात बजे साहिल की शिकायत पर मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने बैरिकेडिंग हटानी शुरू की। इससे यातायात को कुछ राहत मिली, हालांकि पूरी तरह सामान्य होने में रात करीब नौ बजे तक समय लगा।
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प्रदर्शन की शुरुआत राहुल गांधी के संसद मार्ग थाने पहुंचने के बाद हुई। वह सुबह करीब 11:30 बजे साहिल और उनकी मां ज्योति लोचव के साथ कनॉट प्लेस थाने पहुंचे थे। वहां से मामला संसद मार्ग थाने का बताए जाने पर करीब 12 बजे वे यहां पहुंचे और डीसीपी से मुलाकात कर एफआईआर दर्ज करने की मांग की। शिकायत दर्ज न होने पर करीब 12:30 बजे राहुल गांधी थाना परिसर में धरने पर बैठ गए।
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इसके बाद कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं का पहुंचना शुरू हो गया। करीब एक बजे जयराम रमेश, सलमान खुर्शीद और प्रियंका गांधी भी थाने पहुंचीं। धीरे-धीरे कार्यकर्ताओं की संख्या बढ़कर करीब 400-500 हो गई। पुलिस ने सुरक्षा के लिए अतिरिक्त बल के साथ आरएएफ की एक कंपनी भी तैनात की। प्रदर्शनकारी थाना परिसर के अंदर और बाहर बैठकर नारेबाजी करते रहे।
राहुल, साहिल और अधिवक्ता के लिए थाना परिसर में लगाईं कुर्सियां
डीसीपी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठे राहुल गांधी, साहिल लोचव, ज्योति लोचव, प्रियंका गांधी और महिला अधिवक्ता के लिए पुलिस ने कुर्सियों का इंतजाम किया। करीब 100 कार्यकर्ता थाना परिसर के अंदर जमीन पर बैठे रहे, जबकि करीब 400 कार्यकर्ता बाहर सड़क किनारे प्रदर्शन करते रहे।
रघुपति राघव राजा राम... भजन के साथ लगे सरकार विरोधी नारे
दोपहर एक बजे के बाद थाना परिसर के अंदर और बाहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी शुरू कर दी। प्रदर्शनकारी केंद्र सरकार के खिलाफ नारे लगाते हुए पैलेट गन से युवाओं को घायल किए जाने का आरोप लगाते रहे। एफआईआर दर्ज होने तक प्रदर्शन जारी रहा। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ता सरकार विरोधी और भारत जोड़ो के नारे लगाते रहे। इस दौरान रघुपति राघव राजा राम... भजन भी चलता रहा।
मामले की जांच की जा रही है
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान हुई झड़प में एक व्यक्ति घायल हुआ। शिकायतकर्ता साहिल की शिकायत पर थाना संसद मार्ग में 0085/2026 बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है। इस मामले की जांच की जा रही है। तथ्यों की पुष्टि के बाद कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
-सचिन कुमार, डीसीपी, नई दिल्ली