मेडिकल कॉलेज हमीरपुर: जूनियर छात्र से रैगिंग पर एमबीबीएस के नौ प्रशिक्षु दो सप्ताह के लिए निलंबित
दिल्ली निवासी एमबीबीएस प्रथम वर्ष के एक छात्र ने सीनियर विद्यार्थियों के खिलाफ शिकायत दी थी। शिकायत के अनुसार उसे और अन्य जूनियर छात्रों को भोटा चौक स्थित एक सीनियर के पीजी कमरे में बुलाया गया था।
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डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में जूनियर छात्र से रैगिंग के मामले में प्रबंधन ने कड़ी कार्रवाई की है। आरोपी द्वितीय वर्ष के नौ एमबीबीएस प्रशिक्षुओं को दो सप्ताह के लिए निलंबित कर दिया गया है। तीन छात्रों पर 50-50 हजार और छह छात्रों पर 25-25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। एंटी रैगिंग कमेटी की जांच के बाद कॉलेज प्रबंधन ने यह कार्रवाई की है। दिल्ली निवासी एमबीबीएस प्रथम वर्ष के एक छात्र ने सीनियर विद्यार्थियों के खिलाफ शिकायत दी थी। शिकायत के अनुसार उसे और अन्य जूनियर छात्रों को भोटा चौक स्थित एक सीनियर के पीजी कमरे में बुलाया गया था। वहां उन्हें सीनियर से नजरें झुकाकर बात करने और मिलने पर डॉक्टर साहब कहकर नमस्ते करने के निर्देश दिए थे। इसके अलावा, उन्हें अपना परिचय देने के लिए एक प्रारूप भी दिया गया था।
मामले की जांच के दौरान शिकायतकर्ता समेत आठ जूनियर विद्यार्थियों के बयान दर्ज किए गए। जूनियर छात्रों ने अपने बयानों में सीनियर विद्यार्थियों के गलत व्यवहार की पुष्टि की। हालांकि, सीनियर छात्रों ने आरोपों को नकार दिया। शिकायत में मारपीट या शारीरिक उत्पीड़न का आरोप नहीं था, लेकिन जूनियर छात्रों पर इस तरह के निर्देश थोपने को रैगिंग की श्रेणी में माना गया। कॉलेज प्रबंधन के अनुसार, 50-50 हजार रुपये का जुर्माना पीजी में रहने वाले छात्र और जूनियर विद्यार्थियों को वहां ले जाने वाले दो छात्रों पर लगाया गया है। वहीं, 25-25 हजार रुपये का जुर्माना उन छह छात्रों पर लगाया गया है, जो जूनियर विद्यार्थियों के पहुंचने के समय पीजी में मौजूद थे।
रैगिंग बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मामले में कड़ी कार्रवाई कर अन्य विद्यार्थियों को भी स्पष्ट संदेश देने का प्रयास किया गया है। सभी छात्रों को एंटी रैगिंग नियमों के प्रति जागरूक किया गया है। विद्यार्थी सजग रहें और न तो रैगिंग सहें और न ही ऐसा करने का प्रयास करें। -डॉ. रमेश भारती, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज हमीरपुर