Bhopal: सीलिंग के नोटिस पर भड़के व्यापारी, अवधपुरी में दुकानें बंद कर सड़क पर उतरे; आज गुलमोहर में टॉर्च मार्च
भोपाल में आवासीय क्षेत्रों में व्यावसायिक गतिविधियों पर नगर निगम की सीलिंग कार्रवाई के विरोध में अवधपुरी के व्यापारियों ने दुकानें बंद कर प्रदर्शन किया। रहवासियों ने भी कार्रवाई पर सवाल उठाए। शनिवार शाम गुलमोहर-त्रिलंगा में टॉर्च मार्च निकालने की तैयारी है।
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भोपाल में आवासीय क्षेत्रों में व्यावसायिक गतिविधियों को लेकर नगर निगम की कार्रवाई का विरोध तेज हो गया है। सीलिंग के नोटिस से नाराज अवधपुरी के व्यापारियों ने शनिवार को दुकानें बंद रखकर सड़क पर प्रदर्शन किया। हाथों में बैनर-पोस्टर लेकर व्यापारियों ने रैली निकाली। प्रदर्शन में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हुए।
व्यापारियों का कहना है कि त्योहार के समय दुकानों और प्रतिष्ठानों पर सीलिंग की कार्रवाई करना उचित नहीं है। उनका आरोप है कि नगर निगम की कार्रवाई से कारोबार प्रभावित हो रहा है। इससे एक दिन पहले शुक्रवार को बाग सेवनिया में भी व्यापारियों ने कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन किया था।
नोटिस के बाद भी मिल रहे नए किराएदार, रहवासियों ने उठाए सवाल
नगर निगम की कार्रवाई को लेकर याचिका लगाने वाले अरेरा कॉलोनी निवासी विवेक त्रिपाठी ने कहा कि 1 अगस्त को निगम की ओर से कार्रवाई किए जाने की बात कही गई थी। कई व्यावसायिक प्रतिष्ठानों ने निगम के निर्देश के बाद बंद होने की सूचना भी लगाई थी। उनका कहना है कि अब उन्हीं स्थानों पर किराए के लिए उपलब्ध होने के बोर्ड दिखाई दे रहे हैं और नए किराएदारों की तलाश की जा रही है। रहवासियों का आरोप है कि इससे लगता है कि कार्रवाई केवल कागजों तक सीमित रह गई है और अवैध व्यावसायिक गतिविधियां दोबारा शुरू हो रही हैं।
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अवैध निर्माण चिह्नित हैं तो कार्रवाई क्यों नहीं?
रहवासियों का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट ने 20 मई 2026 को आवासीय परिसरों में हो रहे अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करने और उसकी रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद नगर निगम ने कई अवैध निर्माण चिह्नित किए और कार्रवाई का दावा किया।
अब रहवासी सवाल उठा रहे हैं कि जब अवैध निर्माण की पहचान हो चुकी है तो उन्हें सील करने और ध्वस्त करने की ठोस कार्रवाई क्यों नहीं की जा रही है। उनका कहना है कि न्यायालय के निर्देशों के बावजूद यदि कार्रवाई केवल नोटिस, सर्वे और कागजी प्रक्रिया तक सीमित रही तो इसका फायदा अवैध निर्माण करने वालों और भूमाफिया को मिलेगा।रहवासियों ने अब ‘नोटिस का खेल बंद करो, अवैध निर्माण सील करो’ को अपनी प्रमुख मांग बनाया है।
पार्किंग और यातायात का दबाव
रहवासियों के मुताबिक आवासीय भूखंडों पर बड़े व्यावसायिक प्रतिष्ठान खुलने से क्षेत्र की शांति और सुरक्षा प्रभावित हो रही है। इसके अलावा पार्किंग की समस्या, यातायात का दबाव, प्रदूषण और सार्वजनिक सुविधाओं पर भी असर पड़ रहा है। रहवासियों का कहना है कि नगर निगम को केवल नोटिस जारी करने के बजाय नियमों का उल्लंघन करने वाले निर्माण और प्रतिष्ठानों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करनी चाहिए।
आज गुलमोहर-त्रिलंगा में टॉर्च मार्च
नगर निगम की कार्रवाई और अवैध व्यावसायिक गतिविधियों के विरोध में शनिवार शाम गुलमोहर-त्रिलंगा क्षेत्र में टॉर्च लाइट मार्च निकाला जाएगा। संयुक्त रहवासी संघर्ष समिति के बैनर तले यह मार्च गुलमोहर स्थित सेवाएं मार्केट से शुरू होगा। रहवासियों का कहना है कि टॉर्च मार्च के जरिए वे नगर निगम से कार्रवाई को लेकर स्पष्ट और ठोस कदम उठाने की मांग करेंगे।
