हिमाचल: विधानसभा परिसर में सत्तापक्ष और विपक्ष ने हाथों में तख्तियां लेकर किया प्रदर्शन, देखें वीडियो
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में कांग्रेस विधायक दल ने हाथों में तख्तियां लेकर विधानसभा परिसर में भाजपा के खिलाफ प्रदर्शन किया। वहीं, दूसरी तरफ कार्यवाही शुरू होने से पहले भाजपा विधायक दल ने भी विधानसभा परिसर में हाथों में तख्तियां लेकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मानसून सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही शुरू होने से पहले सत्तापक्ष और विपक्ष विधानसभा परिसर में आमने-सामने हुए। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में कांग्रेस विधायक दल ने हाथों में तख्तियां लेकर विधानसभा परिसर में प्रदर्शन किया। इस दाैरान सत्तापक्ष ने भाजपा पर राष्ट्रगान के अपमान का आरोप लगाया। इस दाैरान कांग्रेस विधायकों ने पेपर चोर कहां मिलेंगे, बीजेपी के दफ्तर में... जैसे नारे भी लगाए।
वहीं, दूसरी तरफ कार्यवाही शुरू होने से पहले भाजपा विधायक दल ने भी विधानसभा परिसर में हाथों में तख्तियां लेकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दाैरान भाजपा विधायकों ने पंचायती राज संस्थाओं का राजनीतिक शोषण करने, अध्यक्ष-उपाध्यक्ष के चुनाव लटकाने का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की।
15 अगस्त को हिमाचल में पूरे वंदे मातरम का गायन हुआ : जयराम
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि राष्ट्रगान का अपमान करने का कांग्रेस झूठा आरोप लगा रही है। जब पूरे देश में वंदे मातरम के संदर्भ में कानून बन गया है तो 15 अगस्त को पहली बार प्रधानमंत्री ने वंदे मातरम के रूप में शुरुआत की। 15 अगस्त के बाद इस सत्र को वंदे मारतम से शुरू करना चाहिए था। हाल ही में कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक हुई। उसमें यह फैसला हुआ कि राष्ट्रीय गीत को कितना गाया जाए। इस बारे में सीएम ने भी वक्तव्य दिया। जब संसद की ओर से कोई कानून पारित हो गया और सरकार ने उसे लागू होने का कदम उठा लिया और 15 अगस्त को हिमाचल प्रदेश में भी पूरे वंदे मातरम का गायन सभी जगह हुआ। स्पीकर ने परंपराओं और अधिकार का जिक्र किया। यहां तक तो ठीक है, मगर पहले दिन अचानक बैठक को पूरे दिन के लिए स्थगित कर दिया।
इसके बाद सदन में वंदे मातरम् पर जमकर हंगामा हुआ। हंगामा बढ़ता देख अध्यक्ष को कार्यवाही दो बजे तक के लिए स्थगित करनी पड़ी। सदन के भीतर दोनों दलों ने एक-दूसरे के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
#WATCH | Shimla, Himachal Pradesh: The BJP protests outside the Legislative Assembly, alleging a delay in the Zila Parishad elections.
— ANI (@ANI) August 22, 2026
Himachal Pradesh LoP Jairam Thakur says, "Yesterday, when the National Anthem began in the Assembly, opposition members stood at attention. The… pic.twitter.com/K3YJPr1f6m
पेपर लीक और चीनी के दाम बढ़ने जैसे मुद्दों से हटाना चाह रही ध्यान : सुक्खू
शिमला। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि भाजपा विधायकों ने राष्ट्रगान का अपमान किया है। लंबा सत्र इसलिए बुलाया है कि मुद्दों पर बात की जा सके। पूरा कांग्रेस विधायक दल इससे दुखी है। सदन की परंपरा और मर्यादा बनाए रखना जरूरी है। सदन चलना चाहिए। सदन की परंपराओं का ध्यान रखा जाना चाहिए। भाजपा भ्रष्टाचार, पेपर लीक और चीनी के दाम बढ़ने जैसे मुद्दों से ध्यान हटाना चाह रही है।
कांग्रेस विधायक दल सदन चलाना चाहता है, भाजपा नहीं
शिमला। उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि शुक्रवार को विधानसभा की बैठक शुरू हुई तो राष्ट्रीय गान को गाते समय विपक्ष ने अमर्यादित व्यवहार किया। राष्ट्रीय गान को पूरा देश सम्मान के साथ गाता है। अध्यक्ष ने राष्ट्रीय गान गाने को कहा तो उसी समय विपक्ष के सदस्य कहने लगे कि राष्ट्रीय गीत भी गाया जाए। इसका विरोध किया जा रहा है। राष्ट्रगान और राष्ट्रीय गीत को कब गाना है। इसका फैसला अध्यक्ष करते हैं। कांग्रेस विधायक दल सदन को चलाना चाहता है, पर भाजपा नहीं।
राष्ट्रगान विवाद पर विपक्ष ने वीडियो फुटेज मांगी
मानसून सत्र के दौरान राष्ट्रगान को लेकर हुए विवाद ने नया मोड़ ले लिया है। विपक्षी दल के विधायकों ने विधानसभा सचिवालय को पत्र लिखकर 21 अगस्त को सदन की कार्यवाही शुरू होने के दौरान हुए घटनाक्रम की पूरी वीडियो फुटेज उपलब्ध कराने की मांग की है। विधानसभा सचिव को सौंपे गए पत्र में कहा गया है कि 21 अगस्त को मानसून सत्र की शुरुआत राष्ट्रगान के साथ हुई। पत्र में दावा किया गया है कि उस दौरान विधानसभा अध्यक्ष की अनुमति से सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्य अपनी-अपनी सीटों पर खड़े होकर राष्ट्रगान में शामिल हुए। इसके बाद सभी सदस्य अपने स्थान पर बैठ गए। आरोप है कि राष्ट्रगान समाप्त होने के बाद राष्ट्रीय गीत गाने का आग्रह किया गया, लेकिन इसकी अनुमति नहीं दी गई। बाद में मुख्यमंत्री की ओर से विपक्ष पर राष्ट्रगान के अपमान का आरोप लगाया गया, जबकि विपक्षी सदस्य लगातार इन आरोपों का खंडन करते रहे हैं।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.