प्रयागराज : केपी कॉलेज के सामने बारिश और जलभराव के कारण तीन मंजिला भवन धराशायी, कोई जनहानि नहीं
शहर के जार्जटाउन इलाके में केपी कॉलेज के सामने स्वामी नारायण मंदिर परिसर में स्थित तीन मंजिला भवन धराशायी हो गया। इसका कारण लगातार बारिश और जलभराव माना जा रहा है। हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
स्वामीनारायण मंदिर का तीन मंजिला अतिथि गृह शुक्रवार देर रात ढह गया। होटल का बेसमेंट बनाने के लिए भवन के पीछे करीब 40 फीट गहरी खोदाई की गई थी। इसे हादसे की मुख्य वजह माना जा रहा है। घटना के वक्त भवन में कोई मौजूद नहीं था।
करीब 12 कमरों वाला पूरा भवन कुछ ही देर में मलबे में बदल गया। मंदिर के अतिथि गृह के पीछे पूरब दिशा में लगभग 300 वर्ग मीटर क्षेत्र में खोदाई हुई थी। यह खोदाई करीब चार माह पहले बेसमेंट के लिए की गई थी। खोदाई के बाद गड्ढे में पानी भरने से अतिथि गृह की नींव प्रभावित होने लगी। करीब 25 दिन पहले भवन की नींव में दरारें पड़ गई और यह पूरब की ओर झुक गया था।
मंदिर के कोठारी कमलेश भगत ने बताया कि वर्ष 2012-13 में अतिथि गृह के 12 कमरे बनाए गए थे। कमरों में एसी समेत अन्य सामान रखा था जिसे निकालने का मौका नहीं मिला। करीब 10 से 12 लाख रुपये के सामान के नुकसान का अनुमान है। मंदिर प्रबंधन के अनुसार, होटल निर्माण करा रहे व्यक्ति ने फिर से अतिथि गृह बनवाने का आश्वासन दिया है।
गिर चुकी है डॉ. एके बंसल के आवास की बाउंड्रीवाल
गड्ढे की जद में आने की वजह से 24 अगस्त की रात डॉ. वंदना बंसल के आवास की चहारदीवारी गिर गई थी। उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से की थी, साथ ही मामले की जानकारी नगर निगम को भी दी गई थी।
बारिश से गिरा कच्चा मकान, 10 वर्षीय बच्ची की मौत
लालापुर थाना क्षेत्र के ओझापट्टी गांव में शनिवार दोपहर हुई बारिश के दौरान कच्चे मकान की दीवार अचानक गिरने से 10 वर्षीय मासूम बच्ची मिट्टी के मलबे में दब गई। परिजन अस्पताल ले गए, जहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।
ओझापट्टी गांव निवासी राजमंगल की 10 वर्षीय पुत्री दीया शनिवार दोपहर बारिश के समय घर में नहाने जा रही थी। इसी दौरान बारिश के कारण जर्जर कच्चे घर की दीवार उसके ऊपर गिर गई। दीवार गिरते ही चीख-पुकार मच गई। उस समय घर में उसकी मां प्रेम कुमारी मौजूद थीं, पिता किसी काम से अपनी बहन के घर गए थे।
ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद दीया को मलबे से निकाला और इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए एसआरएन अस्पताल रेफर कर दिया। जहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।
मृतक दीया चार भाई-बहनों में सबसे बड़ी थी। घटना की सूचना पर पहुंचे तहसीलदार बारा अनिल पाठक, नायब तहसीलदार विजय व लालापुर थाना प्रभारी अनुभव सिंह राजस्व निरीक्षक लेखपाल के साथ मौके पर पहुंचे और परिजनों को हर संभव मदद का भरोसा दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।