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Sant Kabir Nagar News: कक्षा शिक्षण को बच्चों के लिए रुचिकर और प्रभावी बनाएं
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बीआरसी सेमरियावां में एफएलएन प्रशिक्षण दिया गया। संवाद
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सेमरियावां। बीआरसी पर संचालित पांच दिवसीय बुनियादी साक्षरता एवं संख्या ज्ञान (एफएलएन) शिक्षक प्रशिक्षण मंगलवार को संपन्न हुआ। प्रशिक्षण में प्रतिभागी शिक्षकों को बच्चों में भाषा और गणितीय दक्षताओं के विकास के लिए गतिविधि आधारित एवं सहभागी शिक्षण के तरीकों की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण के दौरान समावेशन, बच्चों की सक्रिय सहभागिता, स्थानीय संदर्भ, निरंतर आकलन और समूह कार्य पर विशेष जोर दिया गया। समापन अवसर पर खंड शिक्षा अधिकारी आशीष कुमार सिंह ने कहा कि प्राथमिक स्तर पर प्रत्येक बच्चे को पढ़ने-लिखने और संख्या ज्ञान में कक्षा स्तर के अनुरूप अपेक्षित दक्षता हासिल कराना प्रशिक्षण का प्रमुख उद्देश्य है।
प्रशिक्षण में जफीर अली, गणेश प्रसाद चौरसिया, केएन पांडेय, सूचित कुमार जायसवाल और संतोष कुमार तिवारी ने प्रशिक्षणार्थियों का मार्गदर्शन किया। प्रशिक्षक गणेश प्रसाद चौरसिया, सूचित जायसवाल और जफीर अली ने बताया कि प्रशिक्षण में शिक्षकों ने समूहों में कार्य करते हुए विभिन्न गतिविधियों, चार्ट और शिक्षण सामग्री के माध्यम से अपने विचार प्रस्तुत किए।
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उन्होंने कहा कि कक्षा शिक्षण को बच्चों के लिए रुचिकर और प्रभावी बनाने के लिए स्थानीय परिवेश एवं दैनिक जीवन से जुड़ी गतिविधियों का प्रयोग महत्वपूर्ण है। बच्चों को केवल पाठ पढ़ाने के बजाय उन्हें गतिविधियों में शामिल कर सीखने के अवसर देने चाहिए।
प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक समूह कार्य और प्रस्तुतीकरण में हिस्सा लिया। आपसी चर्चा के माध्यम से कक्षा-कक्ष की वास्तविक परिस्थितियों में गतिविधियों को प्रभावी ढंग से लागू करने के तरीकों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
प्रशिक्षकों ने कहा कि निपुण भारत मिशन के उद्देश्यों को हासिल करने के लिए प्रत्येक शिक्षक को बच्चों की बुनियादी भाषायी एवं गणितीय दक्षताओं पर विशेष ध्यान देना होगा। नियमित अभ्यास, बच्चों की सहभागिता, गतिविधि आधारित शिक्षण और निरंतर आकलन से सीखने के स्तर में बेहतर सुधार लाया जा सकता है।
इस दौरान इक्त़्तेदाअहमद, फारूक आज़म, शाहिद, धर्मेंद्र, साद,खलीकुर्लहमान, राम कुमार, माला श्रीवास्तव, अंजलि पांडेय, साजिदा खातून, जुबेर अहमद आदि मौजूद रहे।
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निपुण विद्यालय बनाने के लिए शिक्षकों ने लिया शपथ
प्रशिक्षण के अंतिम दिन शिक्षक शिक्षा मित्रों ने सामूहिक रूप से शपथ ली कि मैं अपने अधिकार क्षेत्र के सभी बच्चों को बुनियादी दक्षताएं प्राप्त कराऊंगा। प्रत्येक विद्यालय को निपुण विद्यालय के रूप में विकसित करूंगा। सभी सहभागियों को इस कार्य हेतु निरंतर प्रेरित करूंगा। अपने ब्लॉक को निपुण ब्लॉक, जनपद को निपुण जनपद तथा प्रदेश को निपुण प्रदेश के रूप में विकसित करने के लिए समर्पित भाव से पूर्ण योगदान दूंगा।
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प्रशिक्षण के दौरान समावेशन, बच्चों की सक्रिय सहभागिता, स्थानीय संदर्भ, निरंतर आकलन और समूह कार्य पर विशेष जोर दिया गया। समापन अवसर पर खंड शिक्षा अधिकारी आशीष कुमार सिंह ने कहा कि प्राथमिक स्तर पर प्रत्येक बच्चे को पढ़ने-लिखने और संख्या ज्ञान में कक्षा स्तर के अनुरूप अपेक्षित दक्षता हासिल कराना प्रशिक्षण का प्रमुख उद्देश्य है।
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प्रशिक्षण में जफीर अली, गणेश प्रसाद चौरसिया, केएन पांडेय, सूचित कुमार जायसवाल और संतोष कुमार तिवारी ने प्रशिक्षणार्थियों का मार्गदर्शन किया। प्रशिक्षक गणेश प्रसाद चौरसिया, सूचित जायसवाल और जफीर अली ने बताया कि प्रशिक्षण में शिक्षकों ने समूहों में कार्य करते हुए विभिन्न गतिविधियों, चार्ट और शिक्षण सामग्री के माध्यम से अपने विचार प्रस्तुत किए।
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उन्होंने कहा कि कक्षा शिक्षण को बच्चों के लिए रुचिकर और प्रभावी बनाने के लिए स्थानीय परिवेश एवं दैनिक जीवन से जुड़ी गतिविधियों का प्रयोग महत्वपूर्ण है। बच्चों को केवल पाठ पढ़ाने के बजाय उन्हें गतिविधियों में शामिल कर सीखने के अवसर देने चाहिए।
प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक समूह कार्य और प्रस्तुतीकरण में हिस्सा लिया। आपसी चर्चा के माध्यम से कक्षा-कक्ष की वास्तविक परिस्थितियों में गतिविधियों को प्रभावी ढंग से लागू करने के तरीकों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
प्रशिक्षकों ने कहा कि निपुण भारत मिशन के उद्देश्यों को हासिल करने के लिए प्रत्येक शिक्षक को बच्चों की बुनियादी भाषायी एवं गणितीय दक्षताओं पर विशेष ध्यान देना होगा। नियमित अभ्यास, बच्चों की सहभागिता, गतिविधि आधारित शिक्षण और निरंतर आकलन से सीखने के स्तर में बेहतर सुधार लाया जा सकता है।
इस दौरान इक्त़्तेदाअहमद, फारूक आज़म, शाहिद, धर्मेंद्र, साद,खलीकुर्लहमान, राम कुमार, माला श्रीवास्तव, अंजलि पांडेय, साजिदा खातून, जुबेर अहमद आदि मौजूद रहे।
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निपुण विद्यालय बनाने के लिए शिक्षकों ने लिया शपथ
प्रशिक्षण के अंतिम दिन शिक्षक शिक्षा मित्रों ने सामूहिक रूप से शपथ ली कि मैं अपने अधिकार क्षेत्र के सभी बच्चों को बुनियादी दक्षताएं प्राप्त कराऊंगा। प्रत्येक विद्यालय को निपुण विद्यालय के रूप में विकसित करूंगा। सभी सहभागियों को इस कार्य हेतु निरंतर प्रेरित करूंगा। अपने ब्लॉक को निपुण ब्लॉक, जनपद को निपुण जनपद तथा प्रदेश को निपुण प्रदेश के रूप में विकसित करने के लिए समर्पित भाव से पूर्ण योगदान दूंगा।