फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Commerce Ministry to Bring 'Faceless' Trade Facilitation System for Traders

व्यापारियों को मिलेगी बड़ी राहत: वाणिज्य मंत्रालय ला रहा 'फेसलेस' व्यापार सुविधा प्रणाली, जानिए क्या फायदे

Mon, 14 Sep 2026 03:49 PM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: कुमार विवेक Updated Mon, 14 Sep 2026 03:49 PM IST
सार
Register For Event

वाणिज्य मंत्रालय ने निर्यातकों और आयातकों के लिए कारोबार को आसान बनाने हेतु महानिदेशालय विदेश व्यापार (डीजीएफटी) में केंद्रीय प्रसंस्करण विभाग (सीपीडी) स्थापित करने का निर्णय लिया है। यह 'फेसलेस' व्यापार सुविधा प्रणाली अक्तूबर 2026 में शुरू होगी, जिससे प्रसंस्करण समय कम होगा और पारदर्शिता बढ़ेगी। आइए इस बारे में विस्तार से जानते हैं।

विज्ञापन
Commerce Ministry to Bring 'Faceless' Trade Facilitation System for Traders
मार्च में निर्यात पर पड़ा असर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

निर्यातकों और आयातकों के लिए कारोबार को आसान बनाने की दिशा में वाणिज्य मंत्रालय ने एक बड़ा कदम उठाया है। महानिदेशालय विदेश व्यापार (डीजीएफटी) में एक केंद्रीय प्रसंस्करण विभाग (सीपीडी) स्थापित करने का निर्णय लिया गया है। यह विभाग 'फेसलेस' व्यापार सुविधा प्रणाली को लागू करेगा। इस पहल से व्यापार से संबंधित आवेदनों का निपटान तेजी से होगा।

विज्ञापन


डीजीएफटी के एक कार्यालय ज्ञापन के अनुसार, केंद्रीय प्रसंस्करण विभाग व्यापार से जुड़े आवेदनों के प्रसंस्करण के लिए एक केंद्रीय इकाई के रूप में कार्य करेगा। यह विभाग दिल्ली के केंद्रीय लाइसेंसिंग क्षेत्र में स्थित होगा। सरकार की योजना है कि इस प्रणाली को अक्तूबर 2026 के दूसरे पखवाड़े में राष्ट्र को समर्पित किया जाए।
विज्ञापन


'फेसलेस' व्यापार सुविधा सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है। इसका उद्देश्य व्यापार से संबंधित आवेदनों का फेसलेस, पेपरलेस और अधिकार क्षेत्र-मुक्त प्रसंस्करण सुनिश्चित करना है। इससे प्रसंस्करण समय में कमी आएगी। साथ ही, पारदर्शिता में वृद्धि होगी। यह निर्यातकों और आयातकों के लिए कारोबार करने में आसानी को बेहतर बनाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

क्या है 'फेसलेस' व्यापार सुविधा प्रणाली?

यह प्रणाली व्यापार से संबंधित आवेदनों को बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के संसाधित करने की सुविधा देगी। इसका मतलब है कि आवेदकों को किसी अधिकारी से व्यक्तिगत रूप से मिलने की आवश्यकता नहीं होगी। सभी प्रक्रियाएं डिजिटल माध्यम से पूरी की जाएंगी। यह प्रणाली कागजी कार्रवाई को पूरी तरह से समाप्त कर देगी। इससे आवेदनों का निपटान अधिक कुशलता से हो पाएगा। यह सुनिश्चित करेगा कि व्यापारिक गतिविधियां बिना किसी बाधा के चलें।

व्यापारियों को क्या लाभ मिलेगा?

इस नई प्रणाली से निर्यातकों और आयातकों को कई महत्वपूर्ण लाभ मिलेंगे। सबसे पहले, आवेदनों के प्रसंस्करण में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा। इससे व्यापारिक लेनदेन में तेजी आएगी। दूसरा, पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी, जिससे भ्रष्टाचार की संभावना कम होगी। तीसरा, यह कारोबार करने में आसानी (ईज ऑफ डूइंग बिजनेस) को बढ़ावा देगा। व्यापारियों को अब विभिन्न कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। यह पहल भारत को वैश्विक व्यापार में अधिक प्रतिस्पर्धी बनाएगी।

नए विभाग में कितने अधिकारी तैनात होंगे?

इस नए केंद्रीय प्रसंस्करण विभाग के लिए अधिकारियों की तैनाती भी की गई है। दिल्ली और क्षेत्रीय केंद्रों से कुल 53 डीजीएफटी अधिकारियों को इस विभाग में स्थानांतरित या तैनात किया गया है। इनमें पांच संयुक्त डीजीएफटी अधिकारी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, 10 उप डीजीएफटी और सात सहायक डीजीएफटी अधिकारी भी इस विभाग का हिस्सा होंगे। यह सुनिश्चित करेगा कि विभाग के पास पर्याप्त मानव संसाधन हो।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed