{"_id":"6abdbfd7da91a9dd17058764","slug":"mp-jungles-reopen-after-92-days-tourists-flock-for-tiger-sightings-first-week-fully-booked-2026-10-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"मध्यप्रदेश: 92 दिन बाद खुले एमपी के जंगल, बाघों के दीदार को उमड़े पर्यटक; पहले ही हफ्ते फुल बुकिंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मध्यप्रदेश: 92 दिन बाद खुले एमपी के जंगल, बाघों के दीदार को उमड़े पर्यटक; पहले ही हफ्ते फुल बुकिंग
Thu, 01 Oct 2026 07:35 AM IST
Anand Pawar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: Anand Pawar
Updated Thu, 01 Oct 2026 07:35 AM IST
मानसून ब्रेक खत्म होते ही मध्यप्रदेश के टाइगर रिजर्व एक बार फिर पर्यटकों से गुलजार हो गए हैं। कान्हा से बांधवगढ़ तक सफारी शुरू, शुरुआती दिनों की बुकिंग फुल; जानिए सफारी का समय और कितना लगेगा शुल्क।
विज्ञापन
फाइल फोटो
विस्तार
मध्यप्रदेश के जंगलों में गुरुवार से फिर पर्यटकों की चहल-पहल शुरू हो गई। मानसून के कारण करीब तीन महीने से बंद कान्हा, बांधवगढ़, पेंच, पन्ना, सतपुड़ा और रातापानी समेत टाइगर रिजर्व के गेट 1 अक्टूबर से खोल दिए गए हैं। इसके साथ ही नए पर्यटन सीजन की शुरुआत हो गई। लंबे इंतजार के बाद पर्यटक अब जंगल में बाघ समेत दूसरे वन्यजीवों को देखने निकल सकेंगे। सफारी शुरू होने से पहले ही ज्यादातर प्रमुख टाइगर रिजर्व में पर्यटकों ने अपनी सीट बुक करा ली थी। शुरुआती दिनों की बुकिंग लगभग पूरी है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि इस बार भी जंगल सफारी को लेकर पर्यटकों में काफी रुचि है। पार्कों के आसपास बने होटल और रिसॉर्ट में भी पर्यटन सीजन को लेकर तैयारियां की गई हैं।
ये भी पढ़ें- एमपी के 35 बांध 90 फीसदी से ज्यादा भरे, पश्चिमी हिस्से में 12 फीसदी बारिश कम; रबी के जल प्रबंधन की तैयारी
दो पालियों में होगी जंगल सफारी
पर्यटकों की सफारी के लिए इस बार टाइगर रिजर्व में समय एक समान रखा गया है। सुबह की पारी में छह बजे से 11.30 बजे तक और शाम की पारी में तीन बजे से छह बजे तक पर्यटक जंगल में जा सकेंगे। पर्यटन सीजन 30 जून तक जारी रहेगा। मौसम और सूर्योदय-सूर्यास्त के हिसाब से आगे चलकर समय में बदलाव किया जा सकता है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- मध्यप्रदेश: राहुल का 13 दिन में कल दूसरी बार एमपी दौरा, बालाघाट में मृत आदिवासी बच्चों के परिजनों से मिलेंगे
वन्यजीव संरक्षण सप्ताह की भी शुरुआत
सफारी शुरू होने के साथ ही एक अक्टूबर से वन्यजीव संरक्षण सप्ताह भी शुरू हो रहा है। इस दौरान पर्यटकों को वन्यजीवों की सुरक्षा, जंगल के नियमों और पर्यावरण संरक्षण के बारे में जागरूक किया जाएगा। पार्क प्रबंधन ने सफारी रूट, वाहनों और पर्यटकों की सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्थाएं पूरी कर ली हैं। वन विभाग के मुताबिक मानसून के दौरान जंगल बंद रहने के बाद अब पर्यटकों की आवाजाही शुरू हो गई है। पार्क प्रबंधन का फोकस पर्यटकों को बेहतर सफारी अनुभव देने के साथ वन्यजीवों और जंगल की सुरक्षा बनाए रखने पर रहेगा।
ये भी पढ़ें- मध्यप्रदेश में हेलमेट-सीटबेल्ट को लेकर 10 दिन का विशेष अभियान, बार-बार नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- एमपी के 35 बांध 90 फीसदी से ज्यादा भरे, पश्चिमी हिस्से में 12 फीसदी बारिश कम; रबी के जल प्रबंधन की तैयारी
विज्ञापन
दो पालियों में होगी जंगल सफारी
पर्यटकों की सफारी के लिए इस बार टाइगर रिजर्व में समय एक समान रखा गया है। सुबह की पारी में छह बजे से 11.30 बजे तक और शाम की पारी में तीन बजे से छह बजे तक पर्यटक जंगल में जा सकेंगे। पर्यटन सीजन 30 जून तक जारी रहेगा। मौसम और सूर्योदय-सूर्यास्त के हिसाब से आगे चलकर समय में बदलाव किया जा सकता है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- मध्यप्रदेश: राहुल का 13 दिन में कल दूसरी बार एमपी दौरा, बालाघाट में मृत आदिवासी बच्चों के परिजनों से मिलेंगे
वन्यजीव संरक्षण सप्ताह की भी शुरुआत
सफारी शुरू होने के साथ ही एक अक्टूबर से वन्यजीव संरक्षण सप्ताह भी शुरू हो रहा है। इस दौरान पर्यटकों को वन्यजीवों की सुरक्षा, जंगल के नियमों और पर्यावरण संरक्षण के बारे में जागरूक किया जाएगा। पार्क प्रबंधन ने सफारी रूट, वाहनों और पर्यटकों की सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्थाएं पूरी कर ली हैं। वन विभाग के मुताबिक मानसून के दौरान जंगल बंद रहने के बाद अब पर्यटकों की आवाजाही शुरू हो गई है। पार्क प्रबंधन का फोकस पर्यटकों को बेहतर सफारी अनुभव देने के साथ वन्यजीवों और जंगल की सुरक्षा बनाए रखने पर रहेगा।
ये भी पढ़ें- मध्यप्रदेश में हेलमेट-सीटबेल्ट को लेकर 10 दिन का विशेष अभियान, बार-बार नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई
