हिमाचल: पहाड़ सितंबर में ही बर्फ से लकदक,10 डिग्री गिरा पारा, कल्पा में ठंड ने तोड़ा 18 साल का रिकॉर्ड
लगातार तीसरे दिन किन्नौर, लाहौल-स्पीति और चंबा के ऊंचाई वाले क्षेत्रों और कांगड़ा के धौलाधार में बर्फबारी हुई, जबकि राजधानी शिमला, धर्मशाला समेत अन्य जिलों में बादल बरसे। प्रदेश के अधिकतम तापमान में आठ से दस डिग्री की गिरावट आने से ठंड बढ़ गई है।
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मौसम विभाग के अलर्ट के बीच सोमवार को लगातार तीसरे दिन किन्नौर, लाहौल-स्पीति, चंबा के ऊंचाई वाले क्षेत्रों और कांगड़ा के धौलाधार के पहाड़ों पर हिमपात जारी रहा, जबकि राजधानी शिमला व धर्मशाला समेत प्रदेश के निचले इलाकों में झमाझम बादल बरसे। रोहतांग, बारालाचा, शिंकुला दरों के साथ लाहौल- स्पीति, किन्नौर, चंबा और कुल्लू की चोटियां सितंबर में ही बर्फ से लकदक हो गई हैं। बारिश-बर्फबारी के चलते प्रदेश में दिन का तापमान सामान्य से 10 डिग्री तक गिर गया है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में रात के तापमान में भी भारी गिरावट दर्ज की है।
61 सड़कें, 49 बिजली ट्रांसफार्मर ठप
रविवार रात को कल्पा में 18 साल बाद सितंबर में सबसे कम न्यूनतम तापमान दर्ज हुआ। 24 सितंबर 2008 को कल्पा में रात का पारा 3.0 डिग्री दर्ज हुआ था। अब यह 4.4 डिग्री रिकॉर्ड किया गया है। बर्फबारी और बारिश से किन्नौर, कुल्लू और शिमला के ऊपरी क्षेत्रों में सेब तुड़ान प्रभावित हुआ है। एनएच-5 समेत प्रदेश में 61 सड़कें बंद, जबकि 49 बिजली ट्रांसफार्मर ठप हो गए हैं। हिमाचल प्रदेश में बदले मौसम के बीच सोमवार को लाहौल-स्पीति के रोहतांग, बारालाचा और शिंकुला दर्रा और किन्नौर जिले के छितकुल, कुन्नोचारंग, लिप्पा और आसरंग बर्फबारी से सफेद हो गए हैं। प्रशासन ने एहतियातन दारचा से लेह और शिंकुला की ओर दोपहिया वाहनों की आवाजाही रोक दी है।
एनएच-5 पर कई स्थानों पर भूस्खलन से यातायात रहा प्रभावित
जिला चंबा के पांगी और भरमौर की ऊंची चोटियों सुराल, परमार, कुमार भुटोरी, चस्क भुटोरी और सचे जोत समेत ऊंचे क्षेत्रों में 10.16 सेंटीमीटर तक बर्फबारी दर्ज की गई। निचले क्षेत्रों में सोमवार को दिनभर बारिश जारी रही। इससे खेतों में काटकर रखी मक्की और पशु चारा खराब होने की चिंता सताने लगी है। उधर, बारिश-भूस्खलन के चलते स्पीलो से पूह व काजा के बीच एनएच-5 पर कई स्थानों पर यातायात प्रभावित रहा। नेसंग में सड़क बाधित होने से एचआरटीसी की बस फंस गई। जिला सिरमौर में बारिश से लहसुन की बिजाई और किन्नौर में तीन दिन से सेब तुड़ान ठप है।
भेड़पालकों बचाया, 1500 भेड़-बकरियां लापता
कुल्लू के निचले क्षेत्रों में भी रुक-रुककर बारिश हुई। राजधानी शिमला में सोमवार को दिन भर बारिश का दौर जारी रहा। शिमला जिले के डोडरा क्वार के रूपिन पास क्षेत्र में शनिवार रात से हिमपात के कारण फंसे सांगला और डोडरा क्वार के भेड़पालकों को 12 सदस्यीय बचाव दल ने रेस्क्यू कर लिया है, जबकि 1500 भेड़-बकरियों का पता नहीं चला है। कुछ मवेशियों के ठंड के कारण मरने की आशंका जताई जा रही है। रोहड़ू के जांगलिख में भारी भूस्खलन से सुंदरू खड्ड का बहाव रुक गया है। प्रशासन ने लोगों को खड्ड किनारे न जाने का अलर्ट जारी किया है।
मंगलवार को भी बारिश के आसार, कल से मौसम साफ
हिमाचल प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में मंगलवार को भी बारिश के आसार हैं। बुधवार 30 सितंबर से पूरे प्रदेश में मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान है। 30 सितंबर से चार अक्तूबर तक प्रदेश में धूप खिली रहने से तापमान में बढ़ोतरी दर्ज होने की संभावना है। इसी सप्ताह प्रदेश से दक्षिण पश्चिम मानसून के विदा होने के आसार भी हैं।
कहां पर कितनी बारिश (मिलीमीटर में)
कांगड़ा 90
धर्मशाला 75
कल्पा 33
सोलन 23
मंडी 23
शिमला 22
नाहन 15
ऊना 10