IND vs SL: असिथा के साथ भिड़ंत के बाद यशस्वी की पहली प्रतिक्रिया, सिर मारने के लिए मिली आलोचनाओं पर क्या बोले?
यशस्वी ने कोलंबो में असिथा के साथ हुई लड़ाई पर चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने आलोचकों को करारा जवाब दिया है। उन्होंने कहा है कि बिना मामला जाने धारणा बनाने की जरूरत नहीं है। आइए जानते हैं इस लड़ाई पर यशस्वी ने क्या प्रतिक्रिया दी है...
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंस्टाग्राम पर एक क्रिकेट वेबसाइट द्वारा इस घटना पर चर्चा करते हुए पोस्ट किए गए एक वीडियो पर टिप्पणी करते हुए यशस्वी ने लिखा, 'अगर आपको पता ही नहीं है कि उसने क्या कहा था, तो कृपया अपना फैसला न सुनाएं। अगर कोई सीमा लांघता है, तो हमें उसे बताना होगा कि भारत लड़ेगा और जवाब देगा।' वीडियो में कमेंटेटर हर्षा भोगले ने कहा कि यशस्वी के लिए सबसे अच्छा यही होता कि वह बस वहां से चले जाते।
भोगले ने कहा, 'मैं जायसवाल से बस इतना कहना चाहता हूं कि हां, हो सकता है जो कहा गया, वह नहीं कहा जाना चाहिए था। लेकिन जैसा आप देते हैं, वैसा आपको लेना भी होगा। सबसे आसान रास्ता बस वहां से चले जाना है।'
- यशस्वी और फर्नांडो के बीच तनावपूर्ण विवाद हुआ था। इस दौरान भारतीय सलामी बल्लेबाज का हेलमेट श्रीलंकाई तेज गेंदबाज के माथे से जा टकराया था।
- यह घटना उस समय हुई, जब फर्नांडो के ओवर में यशस्वी ने तीन चौके जड़े और फिर ओवर की आखिरी गेंद तेजी अंदर आई और यशस्वी क्लीन बोल्ड हो गए। वह 45 रन बना सके।
- पवेलियन की ओर लौट रहे बाएं हाथ के बल्लेबाज को फर्नांडो ने सेंड-ऑफ दिया। इससे यशस्वी वापस मुड़े और श्रीलंकाई तेज गेंदबाज का सामना करने पहुंच गए।
- इसके बाद दोनों खिलाड़ियों के बीच तीखी बहस हुई। इसी दौरान यशस्वी का हेलमेट फर्नांडो के माथे से छू गया।
- स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए श्रीलंका के कप्तान धनंजय डिसिल्वा ने बीच में आकर दोनों को अलग किया।
After Vaibhav push to Sri Lanka, now Yashashvi Jaiswal Headbang on Sri lankan bowler after some heated exchange.
— Sunil Gavaskar (@virender_swag) August 23, 2026
Dickwella passed on some words probably abuse which after hearing Jaiswal turned around and get close to him returning some words back to him.
Never mind poor shot…
इस मामले पर अजय जडेजा का भी बयान सामने आया था और उन्होंने भी यशस्वी की आलोचना की थी। जडेजा ने यशस्वी जायसवाल के रवैये पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि मैदान पर मजाक और स्लेजिंग तब तक ठीक है, जब तक भाषा और व्यवहार की सीमा न लांघी जाए। जडेजा ने कहा, 'यह खतरनाक स्थिति है। इसमें कोई संदेह नहीं है। शारीरिक संपर्क एक अलग बात है। पिछले मैच में जायसवाल दूसरी तरफ थे। वह फील्डिंग कर रहे थे और उन्होंने निरोशन डिकवेला से कुछ कहा था। तब हमने कहा था कि मैदान पर मजाकिया नोकझोंक अच्छी है, जब तक आपकी भाषा में कुछ गलत न हो।' उन्होंने आगे जायसवाल को एक सीधी सीख देते हुए कहा, 'अगर कोई व्यक्ति खुद पर हंस नहीं सकता, तो उसे दूसरों पर भी नहीं हंसना चाहिए। अगर आप किसी बात को खुद पर नहीं ले सकते, तो मैदान पर वह बात दूसरों से भी नहीं कहनी चाहिए।'