फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   Debris and boulders wreak havoc again on the Tawaghat-Dharchula road; traffic halted for seven hours

पिथौरागढ़: तवाघाट-धारचूला सड़क पर फिर मलबा-बोल्डर का कहर, सात घंटे ठप रही आवाजाही, सैकड़ों यात्री फंसे

Sun, 23 Aug 2026 10:59 AM IST
गायत्री जोशी संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़ Published by: गायत्री जोशी Updated Sun, 23 Aug 2026 10:59 AM IST
सार
Register For Event

चीन सीमा और आदि कैलाश क्षेत्र को जोड़ने वाली तवाघाट-धारचूला सड़क पर शनिवार सुबह भारी मलबा और बोल्डर गिरने से सात घंटे तक यातायात पूरी तरह ठप रहा। सड़क बंद होने से पूजा कर लौट रहे 400 से अधिक श्रद्धालुओं समेत सैकड़ों यात्री रास्ते में फंस गए।

विज्ञापन
Debris and boulders wreak havoc again on the Tawaghat-Dharchula road; traffic halted for seven hours
आदि कैलाश यात्रा मार्ग पर मलघाट में मलबा और बोल्डर हटाती बीआरओ की जेसीबी। - फोटो : स्रोत:बीआरओ

विस्तार

चीन सीमा के साथ ही आदि कैलाश और दारमा, व्यास, चौंदास घाटी को जोड़ने वाली तवाघाट-धारचूला सड़क पर फिर से मलबा और बोल्डर गिरने से सात घंटे तक आवाजाही ठप रही। इस दौरान हिमालयी क्षेत्रों में पूजा कराने गए सैकड़ों लोग फंस गए। बमुश्किल सड़क खुली तो लोग धारचूला लौट सके।

विज्ञापन

तवाघाट-धारचूला सड़क पर शनिवार सुबह पांच बजे के करीब कुलागाड़ और मलघाट में भारी मात्रा में पहाड़ी से मलबा आ गया। सड़क पर आवाजाही ठप होने से दोनों तरफ बड़ी संख्या में वाहन और यात्री फंस गए।वहीं दारमा और व्यास घाटी में पूजा संपन्न होने के बाद लौट रहे लोगों का भी धारचूला पहुंचना मुश्किल हो गया। सभी सड़क खुलने का इंतजार करते रहे। बीआरओ ने बमुश्किल मलबा और बोल्डर हटाकर दोपहर करीब 12 बजे आवाजाही सुचारू कराई और फंसे यात्री गंतव्य को रवाना हो सके।

विज्ञापन

शनिवार को दारमा और व्यास घाटी से 400 से अधिक लोग पूजा से लौटे। पांगला के सोबन सिंह ने बताया कि कुलागाड़ और मलघाट में पहाड़ी से लगातार बोल्डर गिर रहे हैं। ऐसे में सड़क के फिर से बंद होने की आशंका बनी हुई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

दारमा घाटी से पूजा से लौटे दीलिंग दारमा सेवा समिति के अध्यक्ष करन सिंह ग्वाल ने बताया कि कुलागाड़ व एलागाड़ के साथ ही तवाघाट से बालिंग तक कई जगहों पर बारिश में सड़क पर जगह-जगह कीचड़ जमा होने से वाहनों की आवाजाही जोखिम भरी साबित हो रही है। यदि बीआरओ पानी की उचित निकासी करता तो आवाजाही सुरक्षित होती। वहीं धारचूला के एसडीएम आशीष जोशी ने बताया कि जगह-जगह जेसीबी तैनाती की गई हैं ताकि सड़कों पर जल्द आवाजाही सुचारु कराई जा सके।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed